आमंत्रित अतिथियों में से कुछ स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) के माध्यम से आय और रोजगार सृजन और पर्यावरण संरक्षण में बेहतर कर रहे हैं । इसके अलावा आदिवासी कारीगरों/वन धन विकास योजना के सदस्यों, आशा कार्यकर्ताओं, पीएम सूर्य घर योजना और पीएम कुसुम के तहत पर्यावरण संरक्षण और अक्षय ऊर्जा के उपयोग का समर्थन करने वाले किसानों और परिवारों को भी पहली बार आमंत्रित किया गया है । भारत हर साल 26 जनवरी को अपना गणतंत्र दिवस मनाता है । गणतंत्र दिवस समारोह में जन भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य के तहत कर्तव्य पथ पर होने वाली गणतंत्र दिवस परेड में इस बार लगभग 10,000 विशेष अतिथियों को आमंत्रित किया गया है । आमंत्रित अतिथियों में सरपंच, आपदा राहत कार्यकर्ता, स्वयं सहायता समूह के सदस्य, कारीगर और अलग-अलग सरकारी योजनाओं के लाभार्थी जैसे विविध पृष्ठभूमि के लोग शामिल होंगे । वहीं, आमंत्रित सदस्यों में कृषि, पर्यावरण संरक्षण, स्वास्थ्य और कौशल विकास के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वालों के साथ-साथ प्रमुख सरकारी कार्यक्रमों में भाग लेने वालों पर भी विशेष ध्यान रखा गया है ।
गांव और खेती से जुड़े लोगों की लिस्ट ।
गणतंत्र दिवस समारोह में आमंत्रित अतिथियों की सूची में सरपंच, शीर्ष प्रदर्शन करने वाले गांव के सरपंचों और कृषि से जुड़ी योजनाओं के लाभार्थियों को बुलाया गया है। इनमें शामिल हैं – पीएम कुसुम योजना के लाभार्थी, कृषि अवसंरचना निधि (एआईएफ) योजना, किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ), पद्म पुरस्कार विजेता किसान, पीएम किसान, पीएमएफबीवाई, पीएमकेएसवाई, जीवंत गांवों के अतिथि, प्राथमिक कृषि ऋण (PAC) समितियां, सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले सामुदायिक संसाधन व्यक्ति (कृषि सखी, उद्योग सखी आदि), PM यशस्वी योजना, हथकरघा कारीगर, हस्तशिल्प कारीगर, विभिन्न योजनाओं के विशेष उपलब्धि प्राप्त करने वाले और आदिवासी लाभार्थी, आशा (मान्यता प्राप्त सामाजिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता), पीएम सूर्य घर योजना के लाभार्थी, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले ओम मत्स्य संपदा योजना के लाभार्थी, सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले राष्ट्रीय गोकुल मिशन लाभार्थी हैं।
कुछ किसान पहली बार आएंगे दिल्ली V
आमंत्रित अतिथियों में से कुछ स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) के माध्यम से आय और रोजगार सृजन और पर्यावरण संरक्षण में बेहतर कर रहे हैं। इसके अलावा आदिवासी कारीगरों/वन धन विकास योजना के सदस्यों, आशा कार्यकर्ताओं, पीएम सूर्य घर योजना और पीएम कुसुम के तहत पर्यावरण संरक्षण और अक्षय ऊर्जा के उपयोग का समर्थन करने वाले किसानों और परिवारों को भी पहली बार आमंत्रित किया गया है।